ताजा खबर
चंदोला झील में अतिक्रमण पर चला बुलडोज़र, हाईकोर्ट ने कार्रवाई पर रोक से किया इनकार   ||    अहमदाबाद में 'ऑपरेशन क्लीन': मिनी बांग्लादेश पर AMC की अब तक की सबसे बड़ी बुलडोजर कार्रवाई   ||    भारत ने UN में उड़ाई पाकिस्तान की धज्जियां, कहा- आपके मंत्री ने स्वीकारा कि आतंकवाद को पैसा-प्रशिक्ष...   ||    POK में लॉन्चिंग पैड से बंकरों में पहुंचे आतंकी, भारत की जवाबी कार्रवाई से डरा पाकिस्तान   ||    Canada Elections: कनाडा में किस पार्टी की सरकार बनने के चांस, सर्वे में किसे मिल रही कितनी सीटें?   ||    चीन का पाकिस्तान के साथ होना क्यों हैरानी भरा नहीं, कैसे हैं दोनों के रिश्ते…   ||    पाकिस्तान PM किस बीमारी के चलते अस्पताल में दाखिल, हॉस्पिटल के गुप्त दस्तावेज से रिवील   ||    भारत के रुख से पाक पीएम की तबीयत बिगड़ी, अस्पताल में एडमिट   ||    29 अप्रैल का इतिहास: महत्वपूर्ण घटनाएँ और जश्न के पल   ||    Fact Check: पहलगाम हमले के बाद भारत से पाकिस्तान जाने वालों को नहीं है ये वीडियो, जानें इसकी सच्चाई   ||   

ईरान के राष्ट्रपति चुनाव में किसी को नहीं मिली बहुमत, 5 जुलाई को फिर होंगे चुनाव, जानिए पूरा मामला

Photo Source :

Posted On:Saturday, June 29, 2024

मुंबई, 29 जून, (न्यूज़ हेल्पलाइन)। ईरान में हुए राष्ट्रपति पद के लिए चुनाव में किसी भी उम्मीदवार को बहुमत नहीं मिला है। किसी भी उम्मीदवार को बहुमत के लिए 50 फीसदी वोट नहीं मिलने के कारण अब अगले शुक्रवार फिर से चुनाव होंगे। इसमें सबसे अधिक वोट हासिल करने वाले शीर्ष दो उम्मीदवार सईद जलीली और मसूद पजशकियान के बीच मुकाबला होगा। चुनाव आयोग के प्रवक्ता मोहसेन इस्लामी ने कहा कि चुनाव में 2 करोड़ 45 लाख वोट पड़े। इसमें सबसे अधिक 1 करोड़ 4 लाख वोट मसूद पजशकियान को मिले। दूसरे नंबर पर सईद जलीली रहे जिन्हें 94 लाख वोट मिले। तीसरे नंबर पर संसद के स्पीकर मोहम्मद बाकर कालीबाफ रहे जिन्हें 33 लाख वोट मिले और आखिरी नंबर पर रहने वाले मुस्तफा पोरमोहम्मदी को 2 लाख 6 हजार वोट मिले।

तो वहीं, उपराष्ट्रपति आमिर हुसैन काजीजादेह हाशमी ने बीते दिनों अपना नाम वापस ले लिया था। उन्होंने कहा कि रिवॉल्यूशनरी फोर्स की एकता बनाए रखने के लिए उन्होंने ये कदम उठाया है। काजीजादेह हाशमी ने उम्मीद जताई कि रेस में शामिल अन्य उम्मीदवार, मोहम्मद बाकर कालीबाफ, सईद जलीली और अली रजा जकानी रिवॉल्यूशनरी फोर्स को मजबूत करने के लिए चुनाव से पहले आम सहमति पर पहुंच जाएंगे। उपराष्ट्रपति काजीजादेह हाशमी की अपील के कुछ घंटे बाद तेहरान के मेयर अली रजा जकानी ने पीछे हटने का फैसला किया। उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर इसकी घोषणा की। जकानी 2021 में भी राष्ट्रपति इब्राहिम रईसी की दावेदारी मजबूत करने के लिए पीछे हट गए थे। जकानी ने रेस में शामिल अन्य दो कट्टरपंथी उम्मीदवारों से एकजुटता दिखाने का आह्वान किया है। आपको बता दें, चुनाव के नियमों के मुताबिक जो भी प्रत्याशी होते हैं उनके आवेदन को ईरान की गार्जियन काउंसिल देखती है। उनकी मंजूरी मिलने के बाद ही कोई भी प्रत्याशी चुनाव में खड़ा हो सकता है। इस बार के चुनाव में राष्ट्रपति बनने के लिए 80 लोगों ने आवेदन दिया था। हालांकि, गार्जियन काउंसिल ने सिर्फ 6 को चुनाव लड़ने के लायक पाया। पूर्व राष्ट्रपति महमूद अहमदीनेजाद को भी गार्जियन काउंसिल ने चुनाव लड़ने की मंजूरी नहीं दी। तीन बार संसद के स्पीकर रह चुके अली लारीजानी ने भी राष्ट्रपति चुनाव लड़ने के लिए आवेदन दिया था, लेकिन उन्हें भी आखिरी लिस्ट में शामिल नहीं किया गया। 7 महिलाओं ने भी चुनाव लड़ने के लिए आवेदन किया, लेकिन मंजूरी नहीं मिली।


अहमदाबाद और देश, दुनियाँ की ताजा ख़बरे हमारे Facebook पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें,
और Telegram चैनल पर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें



मेरा गाँव मेरा देश

अगर आप एक जागृत नागरिक है और अपने आसपास की घटनाओं या अपने क्षेत्र की समस्याओं को हमारे साथ साझा कर अपने गाँव, शहर और देश को और बेहतर बनाना चाहते हैं तो जुड़िए हमसे अपनी रिपोर्ट के जरिए. ahmedabadvocalsteam@gmail.com

Follow us on

Copyright © 2021  |  All Rights Reserved.

Powered By Newsify Network Pvt. Ltd.